शाहजहांपुर | सड़क हादसे में 12 श्रद्धालुओं की मौत

  • 11:31 pm
  • 25 January 2024

शाहजहांपुर ज़िले में बृहस्पतिवार सुबह जलालाबाद इलाके में बरेली-फर्रुखाबाद हाईवे पर ट्रक की टक्कर से 12 श्रद्धालुओं की जान चली गई. ये सभी लोग ऑटो में सवार थे. ये सभी लोग पौस पूर्णिमा पर गंगा स्नान के लिए जा रहे थे. मृतकों में आठ पुरुष, तीन महिलाएं और एक बच्चा शामिल था. हाईवे पर 20 मीटर तक लाशें बिखरी पड़ी थीं. मदनापुर क्षेत्र के गांव दमगड़ा निवासी लोगों ने पौष पूर्णिमा पर गंगा स्नान के लिए गांव के अनंतराम का ऑटो बुक किया था. बृहस्पतिवार सुबह सभी लोग ऑटो से गंगा स्नान करने फ़र्रुखाबाद के पांचाल घाट जा रहे थे. उसमें सवार चार-पांच लोग सड़क पर गिर गए. हादसे के बाद ट्रक छोड़कर ड्राइवर भाग गया.

चलती बस में ड्राइवर को दिल का दौरा, कंडक्टर ने स्टेयरिंग संभाला
हरियाणा रोडवेज की चंडीगढ़ से पलवल जा रही बस में उस समय अफरातफरी मच गई जब चालक को दिल का दौरा पड़ा और वह बेहोश हो गया. परिचालक की सूझबूझ से सभी सवारियां व चालक खतरे से बाहर आ सके. घटना बीती रात 2 बजे करनाल जिले के घरौंडा में हुई. परिचालक नरेंद्र ने ‘दैनिक भास्कर’ को बताया कि वह पास ही बैठा था. चालक प्रताप के बेहोश होते ही बस अनियंत्रित होकर डिवाइडर पर चढ़ गई. उसने फौरन बस की स्टेयरिंग संभाल ली और बस की सड़क पर उतार कर साइड में खड़ा किया. फिर पुलिस को फोन किया. पुलिस की गाड़ी से बेहोश चालक को घरौंडा के सरकारी अस्पताल भेजा गया. बस में बैठी सभी 20 सवारियों को दूसरी बसों से भिजवाया. उधर, जल्द इलाज मिल जाने से प्रताप की हालत संभल गई. अब वह ख़तरे से बाहर है.

मंत्री बोले- तीन नहीं, ‘ज्वाला’ ने चार शावकों को जन्म दिया है
नामीबिया से कूनो नेशनल पार्क लाई गई मादा चीता ज्वाला ने तीन नहीं चार शावकों को जन्म दिया है. यह स्पष्टीकरण केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने सोशल मीडिया प्लेफार्म एक्स पर दी. उन्होंने लिखा है कि यह वन्य जीवन का चमत्कार ही है. जब हिम्मती वनकर्मी ज्वाला के नजदीक पहुंचे तो उन्होंने पाया कि वहां चार शावक हैं. इससे पहले मंत्री ने ही एक्स पर तीन शावकों के जन्म की जानकारी दी थी. यादव ने लिखा कि चार शावकों के जन्म की खबर और भी बड़ी खुशी है. बता दें, भारत आने के बाद इस मादा चीता का नाम ज्वाला रखा गया था. ‘द हिंदू’ ने वन अधिकारियों के हवाले से बताया है कि ज्वाला ने 20 जनवरी को इन शावकों को जन्म दिया था. वन्यजीव प्रेमियों के लिए यह खुशी इसलिए भी बड़ी है कि कुछ हफ्तों पहले आशा नाम की चीता ने भी तीन शावकों को जन्म दिया था. अब तीन और शावकों के जन्म से जंगल में मंगल जैसा माहौल है.

विमान हादसे के लिए रूस ने यूक्रेन को ज़िम्मेदार ठहराया
बंदी बनाए गए 65 यूक्रेनी सैनिकों को ले जा रहा रूसी विमान गिरने से चालक दल समेत 74 लोगों की मौत हो गई. रूस का आरोप है कि इस विमान पर यूक्रेन ने ही मिसाइल हमला किया और अपने ही सैनिकों की जान ले ली. इन सैनिकों को रूसी सैनिकों के साथ अदला-बदली के लिए ले जाया जा रहा था. हमला यूक्रेन की सीमा से लगे रूसी शहर बेलगोरोद के पास हुआ. रूस के रक्षा मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि इस परिवहन विमान में चालक दल के नौ रूसी सदस्य और तीन रूसी सैनिक भी थे. यह आरोप भी लगाया कि यूक्रेनी प्रशासन को ठीक से पता था कि इस सैन्य परिवहन विमान में उनके ही सैनिक हैं जो बंदियों की अदला-बदली के लिए बेलगोरोद के हवाई अड्डे ले जाए जा रहे हैं. यह एक नियमित प्रकिया थी. फिर भी ऐसा हमला, सिवाय बर्बरता के और कुछ नहीं है. ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ ने लिखा है कि इस बारे में यूक्रेन के रक्षा मंत्रालय की ओर से घटना पर कुछ नहीं कहा गया है.

कुष्ठ रोग को लेकर लोगों में फैली गलत जानकारियां
कुष्ठ रोग सदियों से चली आ रही संक्रामक बीमारी है, दुनिया भर में लाखों लोग इस संक्रमण के शिकार हुए हैं. त्वचा पर विकृत घाव होने और तंत्रिकाओं को क्षति पहुंचाने वाली इस रोग पर अब काफी हद तक नियंत्रण पा लिया गया है मगर अब भी अफ्रीका और एशिया के कई देशों में कुष्ठ रोग के लाखों रोगी हैं. वैश्विक स्तर पर कुष्ठ रोग को लेकर लोगों में जागरुकता बढ़ाने, रोगियों को इलाज के लिए प्रेरित करने और कुष्ठ को लेकर फैली सामाजिक कलंक की भावना को दूर करने के उद्देश्य से हर साल जनवरी महीने के आखिरी इतवार को विश्व कुष्ठ रोग दिवस मनाया जाता है. ‘अमर उजाला’ ने खबर दी है कि, पूरी दुनिया में कुष्ठ रोग के बारे में लोगों के मन में गलत और अवैज्ञानिक धारणाएं हैं. इसके कारण कुष्ठ रोग से प्रभावित लोगों के प्रति भेदभाव भी बढ़ता देखा गया है. स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, कुष्ठ रोग को लेकर कलंक के भाव के कारण लोग अपने लक्षणों को छिपाते हैं और उपचार में देरी करते हैं. इस रोग पर जीत हासिल करने के लिए लोगों में सही जानकारी होना जरूर है.

चयन-संपादन | शरद मौर्य/ सुमित चौधरी


अपनी राय हमें  इस लिंक या feedback@samvadnews.in पर भेज सकते हैं.
न्यूज़लेटर के लिए सब्सक्राइब करें.