जब किसी व्यक्ति से आपका सघन आत्मीय रिश्ता हो और उनकी रचनात्मकता और हुनर के आप एक अरसे से प्रशंसक रहे हो, तब उसका तटस्थ और निरपेक्ष मूल्यांकन सहज नहीं होता. राकेश श्रीमाल नामधारी व्यक्ति और उनकी कविताओं से मेरा परिचय एक साथ हुआ. [….]
हिंदी के सुपरिचित कथाकार शेखर जोशी का आज दोपहर को ग़ाजियाबाद के एक अस्पताल में निधन हो गया. वह 90 वर्ष के थे. सन् 1997 में उनको ‘पहल सम्मान’ दिए जाने की घोषणा के बाद 18 सितंबर को इलाहाबाद में प्रवीण से उनकी यह बातचीत पुरानी ज़रूर है, मगर उनकी रचनाधर्मिता और नज़रिये को समझने में मदद करती है. -सं. [….]