सिर्फ़ स्पेलिंग बदल लेने से बात थोड़े ही बनती है, सो ‘डंकी’ राजकुमार हिरानी की फ़िल्म नहीं लगती, न ही यह अभिजात जोशी की स्क्रिप्ट मालूम होती है. एक्सप्लोरेशन की तर्ज़ पर मामूली-सी आगे बढ़ती है और इस कहानी को दिलचस्प बनाने की कोशिशें नाकाफ़ी मालूम होती है. [….]